Description
क़िस्सा एक ख़ानदानी हवेली का एक रहस्य और तनाव से भरी पारिवारिक कथा है, जिसमें ओमप्रकाश शर्मा जी ने एक पुरानी हवेली के माध्यम से कई पीढ़ियों के गहरे छिपे राज़ों, लालच, हत्या और भावनात्मक टकराव को उजागर किया है। अंत में जो सच सामने आता है — वह न केवल चौंकाता है, बल्कि पाठक को यह सोचने पर मजबूर करता है कि कभी-कभी विरासत में सिर्फ दौलत नहीं, पाप भी मिलते हैं। क़िस्सा एक ख़ानदानी हवेली का एक ऐसा उपन्यास है जो रहस्य और पारिवारिक तनाव के मिश्रण से पाठक को बांधे रखता है। इसमें भारतीय विरासत, सामाजिक ढांचे और इंसानी कमजोरी का अद्भुत चित्रण है।



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