PRATIGYA I प्रतिज्ञा

PRATIGYA I प्रतिज्ञा

Rs. 150.00
Skip to product information
PRATIGYA I प्रतिज्ञा

PRATIGYA I प्रतिज्ञा

Rs. 150.00
Details
मुंशी प्रेमचंद्र का उपन्यास प्रतिज्ञा समाज सुधार और मानवीय मूल्यों पर आधारित है। इसका नायक अमृतराय है, जो एक आदर्शवादी वकील है। वह विधवा विवाह का समर्थन करता है और स्वयं यह प्रतिज्ञा करता है कि किसी विधवा से ही विवाह करेगा। उसकी यह सोच समाज में तीखी प्रतिक्रिया उत्पन्न करती है। दूसरी ओर, प्रेमा, जो एक शिक्षित और सुसंस्कृत युवती है, अमृतराय के इस निर्णय से गहराई से प्रभावित होती है। प्रेमा स्वयं को उनके इस संकल्प के अनुरूप ढाल लेती है। उपन्यास में प्रेम, कर्तव्य, त्याग और सामाजिक रुढ़ियों से संघर्ष का यथार्थ चित्रण है। प्रतिज्ञा भारतीय समाज में स्त्रियों की स्थिति और सुधार की आवश्यकता को रेखांकित करता है, और अंततः यह संदेश देता है कि सच्चा प्रेम और मानवता, संकीर्ण परंपराओं से कहीं ऊपर है

Materials + Care

We prioritize quality in selecting the materials for our items, choosing premium fabrics and finishings that ensure durability, comfort, and timeless appeal.

Shipping + Returns

We strive to process and ship all orders in a timely manner, working diligently to ensure that your items are on their way to you as soon as possible.

You might also like...